SINGRAULI NEWS: साइबर फ्रॉड कॉल से फरियादी सतर्क जागरूकता अभियान से बचा अमूल्य धन
साइबर ठगी से बचाव हेतु पुलिस द्वारा चलाए जा रहे जागरूकता अभियान का सकारात्मक असर आया सामने
FANINDRA KUMAR SINHA
साइबर अपराधों की रोकथाम और आम नागरिकों को सजग बनाने हेतु मध्यप्रदेश पुलिस एवं सिंगरौली पुलिस द्वारा लगातार जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का सकारात्मक असर अब जमीनी स्तर पर स्पष्ट दिखाई देने लगा थाना सरई क्षेत्र में वकालत का कार्य करने वाले बाबूलाल जायसवाल (फरियादी) के साथ एक घटना घटी। फरियादी ने बताया कि “शाम लगभग 5:30 बजे मेरे पास एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने कहा कि मैं अश्लील वीडियो देखता हूँ और इस कारण मेरे नाम से एक केस दर्ज हो गया है। कॉलर ने डराने-धमकाने की नीयत से कहा कि यदि मैं यह केस खत्म करना चाहता हूँ तो मुझे तत्काल ₹19,500 उसके बताए खाते में भेजना होगा, अन्यथा मेरे खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।”
कॉलर की धमकी से क्षणभर के लिए परेशान होने के बाद फरियादी ने तत्काल साहस दिखाते हुए थाना सरई पहुँचकर ड्यूटी पर तैनात थाना प्रभारी निरीक्षक टी.आई. जितेन्द्र भदौरिया को सम्पूर्ण घटना से अवगत कराया। निरीक्षक द्वारा फरियादी को समझाया गया कि यह कॉल पूरी तरह से फ्रॉड है और इस प्रकार की कॉल पर किसी भी हाल में विश्वास न करें तथा किसी को भी धनराशि न दें।
फरियादी बाबूलाल जायसवाल ने कहा कि “मैं मध्यप्रदेश पुलिस एवं सिंगरौली पुलिस द्वारा चलाए जा रहे साइबर जागरूकता अभियान से पहले से ही अवगत था। इन्हीं कार्यक्रमों के कारण मुझे समझ आ गया कि यह कॉल ठगी का प्रयास है। मैं समय पर थाना पहुँचकर पुलिस की मदद ले सका। यदि यह जानकारी न होती तो शायद मैं ठगों के दबाव में आकर धनराशि गँवा बैठता। मैं सिंगरौली पुलिस की सराहना करता हूँ, जिन्होंने सही समय पर मार्गदर्शन दिया और मेरा अमूल्य धन सुरक्षित बच गया।”
इस घटना से यह स्पष्ट होता है कि साइबर अपराधियों द्वारा नागरिकों को डराने, बदनाम करने अथवा झूठे आरोप लगाकर धन ऐंठने की कोशिशें लगातार की जा रही हैं। किन्तु पुलिस द्वारा समय-समय पर चलाए जा रहे जागरूकता अभियानों ने नागरिकों को सतर्क और जागरूक बनाया है।
सिंगरौली पुलिस की अपील
किसी भी अज्ञात कॉल, मैसेज या लिंक पर भरोसा न करें।
कोई भी बैंक डिटेल, ओटीपी या पासवर्ड साझा न करें।
यदि इस प्रकार की कॉल प्राप्त हो तो तत्काल निकटतम थाना या राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर संपर्क करें।
स्वयं सतर्क रहें और दूसरों को भी जागरूक करें।
पुलिस अधीक्षक सिंगरौली मनीष खत्री ने कहा – साइबर अपराधियों से बचने के लिए सबसे बड़ा हथियार जागरूकता है। आमजन किसी भी परिस्थिति में अज्ञात कॉल या धन की मांग पर विश्वास न करें। यदि कोई संदिग्ध कॉल प्राप्त हो तो तत्काल पुलिस को सूचना दें। सिंगरौली पुलिस हर समय नागरिकों की सहायता के लिए तत्पर है।
